बच्चों को मंदिर की आदत डालने के लिए स्वयं उदाहरण बनें, उन्हें त्योहारों में शामिल करें, घर में पूजा में भागीदार बनाएँ और मंदिर के अनुभव को आनंदमय बनाएँ। जबरदस्ती की बजाय स्वाभाविक जिज्ञासा और प्रेम से
बच्चों में मंदिर जाने की आदत बनाने के लिए जबरदस्ती नहीं, बल्कि स्वाभाविक जुड़ाव और अनुभव की आवश्यकता होती है।
कुछ सरल और प्रभावी तरीके इस प्रकार हैं: सबसे पहले, स्वयं उदाहरण बनें। बच्चे वही करते हैं जो घर में होता देखते हैं।