पुरुष सूक्त: चंद्र विराट पुरुष के मन से उत्पन्न (चन्द्रमा मनसो जातः)। समुद्र मंथन से भी प्राकट्य हुआ — क्षीरसागर पुत्र कहलाए। भगवान शिव ने मस्तक पर धारण कर मान बढ़ाया।
पुरुष सूक्त के अनुसार, चंद्र देव विराट पुरुष के मन से उत्पन्न हुए (चन्द्रमा मनसो जातः)।
समुद्र मंथन से भी इनका प्राकट्य हुआ, जिस कारण ये क्षीरसागर के पुत्र कहलाए। भगवान शिव ने इन्हें अपने मस्तक पर धारण कर इनका मान बढ़ाया।