ऋग्वेद = स्तुति/ज्ञान (सबसे प्राचीन), यजुर्वेद = यज्ञ विधि/कर्मकांड, सामवेद = संगीतमय गायन (भारतीय संगीत का मूल), अथर्ववेद = चिकित्सा/दैनिक जीवन/तंत्र। चारों एक ज्ञान के चार पहलू।
चारों वेद एक ही ज्ञान के चार पहलू हैं — प्रत्येक का विषय, उद्देश्य और प्रयोग भिन्न है।
ऋग्वेद (ज्ञान का वेद): - विषय: देवताओं की स्तुति (सूक्त/ऋचाएँ)। - मंत्र: 10,552 मंत्र, 10 मंडल, 1,028 सूक्त।