लक्षण: जप में अलौकिक आनंद, अजपा जप (स्वतः गूंजना), स्वप्न में देवी दर्शन, शरीर में रोमांच/कंपन, जीवन में सकारात्मक बदलाव, मानसिक शांति-निर्भयता, अंतर्ज्ञान वृद्धि, दिव्य सुगंध/प्रकाश। सावधानी: गोपनीय
देवी मंत्र सिद्ध होने के लक्षणों का वर्णन मंत्र शास्त्र और तंत्र ग्रंथों में किया गया है।
ये लक्षण साधक को स्वतः अनुभव होते हैं: प्रमुख लक्षण: 1। जप में आनंद और रस: मंत्र जप में अलौकिक आनंद और रस की अनुभूति।