एक माला पूरी करना केवल 108 की गिनती नहीं — यह एक सम्पूर्ण ब्रह्मांडीय यज्ञ है जो साधक के श्वास, मन, चेतना और प्राण को ब्रह्मांड की लय के साथ एकाकार करके मंत्र की शक्ति कई गुना बढ़ाता है।
माला से एक चक्र पूरा करना केवल 108 की गिनती पूरी करना नहीं है, यह एक सम्पूर्ण ब्रह्मांडीय यज्ञ है।
यह एक ऐसा अनुष्ठान है जो साधक के श्वास, मन, चेतना और प्राण को ब्रह्मांड की लय के साथ एकाकार कर देता है।