गरुड़ पुराण: 28 प्रमुख नर्क (तामिस्र, रौरव, कुंभीपाक आदि)।: 84 लाख नर्क भी कहे गए। कर्म अनुसार यातना। उद्देश्य: भय नहीं — पाप से बचने की प्रेरणा। प्रतीकात्मक वर्णन।
गरुड़ पुराण (प्रेतखंड) में 28 प्रकार के नर्क (यातना स्थान) का विस्तृत वर्णन है। तामिस्र — चोरी/लूट करने वालों को (अंधकार में यातना)।
अंधतामिस्र — विश्वासघात करने वालों को। रौरव — झूठी गवाही/दूसरों को हानि पहुँचाने वालों को।