गीता का अध्ययन प्रतिदिन ब्रह्ममुहूर्त या प्रातःकाल करना सर्वोत्तम है। गीता (18/70) के अनुसार इसके अध्ययन से ज्ञान-यज्ञ का फल मिलता है। गीता किसी भी समय, किसी भी आयु में पढ़ी जा सकती है।
गीता का अध्ययन कब करना चाहिए? सर्वश्रेष्ठ समय: 1। ब्रह्ममुहूर्त (प्रातः 4-6 बजे) यह ज्ञान-प्राप्ति का सर्वोत्तम समय है।
वायु शुद्ध, मन शांत और वातावरण सात्विक रहता है। इस समय पढ़ा गया ज्ञान गहरे तक उतरता है।