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चेकलिस्ट

घर में मंदिर बनाने के वास्तु नियम क्या हैं?

की चेकलिस्ट

ईशान कोण सर्वोत्तम। मुख पूर्व/उत्तर। नाभि-नेत्र ऊंचाई। शौचालय ऊपर/नीचे नहीं। शयनकक्ष बचें। लकड़ी/संगमरमर। प्रतिदिन सफाई+दीपक। प्रकाश+वायु।

  1. 1दिशा: ईशान कोण (उत्तर-पूर्व) = सर्वोत्तम। उत्तर/पूर्व भी शुभ।
  2. 2मुख: मूर्ति = पश्चिम/दक्षिण दीवार पर (भक्त पूर्व/उत्तर मुख)।
  3. 3ऊंचाई: मूर्ति = भक्त नाभि→नेत्र स्तर। भूमि पर नहीं।
  4. 4स्थान: शौचालय ऊपर/नीचे/पीछे नहीं। सीढ़ियों नीचे नहीं।
  5. 5शयनकक्ष: बचें (अंतिम विकल्प — मूर्ति ढकें)। अलग कक्ष सर्वोत्तम।
  6. 6रसोई: ठीक — अग्नि कोण (दक्षिण-पूर्व) में।
  7. 7सामग्री: लकड़ी/संगमरमर = शुभ। कांच = मान्य।
  8. 8स्वच्छता: प्रतिदिन सफाई। जाले/धूल नहीं।
  9. 9दीपक: प्रतिदिन (घी/तेल) — बुझने न दें।
  10. 10प्रकाश/वायु: प्राकृतिक प्रकाश+वायु = उत्तम।
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