शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
गणेश मंत्र
ॐ अव्यक्ताय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारनाम-मंत्र (Nama-Mantras)।
स्वरूपनिराकार
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो अव्यक्त (अदृश्य और निराकार) हैं 70।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
निराकार ब्रह्म का ज्ञान
विस्तृत लाभ
निराकार ब्रह्म का ज्ञान
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प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ भद्रायै नमः
ॐ हरये नमः
ॐ मधुसूदनाय नमः
दिग्घस्तिभिः कनककुम्भमुखावसृष्ट स्वर्वाहिनी विमलचारुजलप्लुताङ्गीम्। प्रातर्नमामि जगतां जननीमशेष लोकाधिनाथगृहिणीममृताब्धिपुत्रीम्॥
श्रीमत्तीक्ष्ण शिखाङ्कुशाक्षवरदान् दक्षे दधानः करैः पञ्चामृतपूर्णकुम्भमभयं वामे दधानो मुदा । पीठ स्वर्णमयारविन्दविलसत् सत्कर्णिका भासुरे आसीनस्त्रिमुखः पलाशरुचिरो नागाननः पातु नः ॥
ॐ घोररूपाय नमः।