शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
श्री राधा अष्टाक्षर मंत्र (द्वितीय पाठ)
ॐ ह्लीं श्रीं राधिकायै नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
प्रकारऐश्वर्य-प्रेम प्राप्ति मंत्र
स्वरूपश्री राधिका (लक्ष्मी स्वरूपा)
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
आकर्षण (ह्लीं) और ऐश्वर्य (श्रीं) स्वरूपिणी राधिका को मेरा प्रणाम।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
प्रेम-भक्ति के विकास के साथ-साथ भौतिक और आध्यात्मिक समृद्धि (श्री) की प्राप्ति
विस्तृत लाभ
प्रेम-भक्ति के विकास के साथ-साथ भौतिक और आध्यात्मिक समृद्धि (श्री) की प्राप्ति 8।
जप काल
राधाष्टमी, शुक्रवार या पूर्णिमा के दिन कमलगट्टे की माला पर।
इसे भी पढ़ें
अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ नमो बटुक भैरवाय कामदेवाय यस्य यस्य दृश्यो भवामि यश्च यश्च मम सुखं तं तं मोहयतु स्वाहा।
ॐ सुनासायै नमः
बिभ्राणः शुक बीजपूर कमलं माणिक्यकुम्भं अङ्कुशं पाशं कल्पलतां च खड्ग विलसत् ज्योतिः सुधानिर्झरः । श्यामेनात्त सरोरुहेण सहितो देवीद्वयेनान्तिके गौराङ्गो वरदान हस्त कमलो लक्ष्मीगणेशोऽवतात् ॥
ॐ धनुर्वेदाय नमः
ॐ वसुप्रदायै नमः
ॐ सत्यसन्धाय नमः