शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
श्रीकृष्ण मंत्र
ॐ दुर्लभाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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स्वरूपदुर्लभ स्वरूप
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो पाखंडियों और अभक्तों के लिए अत्यंत दुर्लभ हैं, उन्हें नमस्कार है।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
दुर्लभ और अमूल्य ईश्वरीय कृपा की प्राप्ति जो साधारण मनुष्यों को सुलभ नहीं है
विस्तृत लाभ
दुर्लभ और अमूल्य ईश्वरीय कृपा की प्राप्ति जो साधारण मनुष्यों को सुलभ नहीं है।
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