शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
श्रीकृष्ण मंत्र
ॐ शारदा देव्यै नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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स्वरूपशारदा
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
शरद ऋतू सम उज्ज्वल
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
स्मृति दोष का निवारण
विस्तृत लाभ
स्मृति दोष का निवारण
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प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ विकृत्यै नमः
ॐ कृष्णाय नमः
ॐ त्रिलोकरक्षकाय नमः
जपतां कवचं नित्यं सर्वसौभाग्यपूरितम्। इति श्रीविष्णुयामले उपरिभागे जामदग्न्यदिव्याञ्जनसिद्धिकल्पे श्रीभार्गवकवचं सम्पूर्णम्॥
ॐ क्रियायै नमः
पाँचों त्रिशेम चलें, लांगुरिया सलार चलें। भीम की गदा चले, हनुमान की हाँक चले। नाहर की धाक चलै, नहीं चलै, तो हजरत सुलेमान के तखत की दुहाई है। एक लाख अस्सी हजार पीर व पैगम्बरों की दुहाई है। चलो मन्त्र, ईश्वर वाचा। गुरु का शब्द साँचा।