शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
श्रीकृष्ण मंत्र
ॐ सुखिने नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
प्रकारविशिष्ट सहस्रनाम-मंत्र (Specific Sahasranama Mantras)
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो स्वयं हमेशा आत्मानंद और परम सुख की अवस्था में रहते हैं।
जप काल
रुद्राक्ष माला से मंगलवार का उपवास रखते हुए अभीष्ट सिद्धि हेतु।
इसे भी पढ़ें
अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
रयिश्च मे रायश्च मे पुष्टं च मे पुष्टिश्च मे...
अनेकमन्त्रनादमञ्जुनूपुरारवस्खलत्समाजराजहंसवंशणिक्वाणातिगौरवे। विलोलहेमवल्लरीविडम्बिवारुचङ्क्रमे कदा करिष्यसीह मां कृपाकटाक्षभाजनम्॥
ॐ हंसायै नमः
ॐ हृदयं योगिसाध्यश्च निवासं पातु मे हरिः
ॐ वामदेवादिसम्पूज्याय नमः
हरे राम हरे राम, राम राम हरे हरे। हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे॥