श्रीकृष्ण मंत्र
ॐ योगिहृत्पद्मवासाय नमः
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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इस मंत्र का अर्थ
जो महान योगियों के हृदय रूपी कमल में वास करते हैं, उन्हें नमस्कार है।
इस मंत्र से क्या होगा?
हृदय चक्र (Anahata Chakra) का जागरण
ध्यान के दौरान प्रभु के साक्षात् दर्शन
विस्तृत लाभ
हृदय चक्र (Anahata Chakra) का जागरण; ध्यान के दौरान प्रभु के साक्षात् दर्शन।
अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ सनातनाय नमः
ॐ भवरोगस्यभेषजाय नमः
ॐ हुं गं ग्लौं ॥
पाँचों त्रिशेम चलें, लांगुरिया सलार चलें। भीम की गदा चले, हनुमान की हाँक चले। नाहर की धाक चलै, नहीं चलै, तो हजरत सुलेमान के तखत की दुहाई है। एक लाख अस्सी हजार पीर व पैगम्बरों की दुहाई है। चलो मन्त्र, ईश्वर वाचा। गुरु का शब्द साँचा।
भानुकोटिभास्वरं भवाब्धितारकं परं नीलकण्ठमीप्सितार्थदायकं त्रिलोचनम्।
जाज्वल्यमानं सुरवृन्दवन्द्यं कुमारधारातटमन्दिरस्थम् । कन्दर्परूपं कमनीयगात्रं ब्रह्मण्यदेवं शरणं प्रपद्ये ॥