शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
श्रीराम मंत्र
ॐ आं ह्रीं क्रों सहस्रार हुं फट् स्वाहा
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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स्वरूपप्राण-प्रतिष्ठा मंत्र
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
'आं', 'ह्रीं', 'क्रों' बीजों से युक्त यह सुदर्शन-नरसिंह मंत्र यंत्र साधना में प्राण-प्रतिष्ठा के समय जपा जाता है।
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