शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
शिव मंत्र
ॐ विकरालाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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स्वरूपकराल स्वरूप
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जिनका मुख सर्वग्रासी और अत्यंत विकराल है, उन्हें नमस्कार है।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
जीवन पर छाए हुए व्यापक और चौतरफा संकटों को एक साथ निगलने हेतु
विस्तृत लाभ
जीवन पर छाए हुए व्यापक और चौतरफा संकटों को एक साथ निगलने हेतु।
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