शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
विष्णु मंत्र
ॐ महाभद्राय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
स्वरूपकल्याण रूप
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो स्वयं महाकल्याण स्वरूप हैं, उन्हें नमस्कार है।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
आरंभ किए गए सभी नवीन कार्यों और व्यावसायिक परियोजनाओं में मंगल
विस्तृत लाभ
आरंभ किए गए सभी नवीन कार्यों और व्यावसायिक परियोजनाओं में मंगल।
इसे भी पढ़ें
अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ परमेश्वराय नमः
योगारूढो योगपट्टाभिरामः बालार्कभाश्च नीलांगशुकः । पाशेक्ष्वाक्षान् योगदण्डं दधानः पायान्नित्यं योगविघ्नेश्वरः नः ॥
ॐ देवी महागौर्यै नमः॥ 16
कृष्णाय वासुदेवाय हरये परमात्मने प्रणतक्लेशनाशाय
ॐ खरध्वंसिने नमः
ॐ सदाम्बिकायै स्वाहा वायव्ये मां सदाऽवतु। (अर्थ: सदाम्बिका देवी वायव्य कोण में रक्षा करें) 8