शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
विष्णु मंत्र
ॐ परमपुरुषाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारनाम-जप मन्त्र; ये मन्त्र वासुदेव, बाल-गोपाल, और द्वारकाधीश स्वरूपों का पूर्ण प्रतिनिधित्व करते हैं।
स्वरूपपुरुषोत्तम
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
सर्वोच्च पुरुष (पुरुषोत्तम) को नमस्कार।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
श्रेष्ठता प्राप्ति हेतु
विस्तृत लाभ
श्रेष्ठता प्राप्ति हेतु
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अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ ऐं ह्रीं श्रीं क्लीं सौ: जगत्प्रसूत्यै नमः।
श्रीं विद्याधिष्ठातृदेव्यै स्वाहा वक्षः सदाऽवतु। (स्वरूप: विद्याधिष्ठात्री | लाभ: हृदय व वक्ष-स्थल की रक्षा | अर्थ: विद्या देवी मेरे वक्ष की रक्षा करें) 8
ॐ नगभेदिनें नमः
ॐ धन्विने नमः
ॐ ऐं ह्रीं क्लीं भगवति भवानि देवि स्वाहा॥
ॐ श्री वज्रदेहाय रामभक्ताय वायुपुत्राय नमोऽस्तुते॥