विस्तृत उत्तर
गरुड़ पुराण में ब्राह्मण को कष्ट देने को अत्यंत गंभीर पाप माना गया है।
ब्रह्महत्या — सर्वोच्च पाप। 'जो ब्राह्मणों की हत्या करने वाले हैं, वे वैतरणी में महान दुःख भोगते हैं।'
ब्राह्मण-पीड़न — 'भूमि हड़पने वाले और ब्राह्मणों को सताने वाले इस नरक में अंगारों और गर्म रेत में दंड दिए जाते हैं।'
ब्राह्मण की संपत्ति हरण — गरुड़ पुराण में — 'देवता अथवा ब्राह्मण का धन हरण करने वाले — ये वैतरणी में महान दुःख भोग करते हैं।'
ब्राह्मण का अपमान — 'जो मन्द पुरुष भगवान शिव, नारायण, सद्गुरु और विद्वान की पूजा नहीं करते, वे नरक में जाते हैं।'
ब्राह्मण-कलह को प्रोत्साहित करना — 'जो लोग ब्राह्मणों के कलह को नहीं रुकवाते अथवा उसका समर्थन करते हैं, वे अवश्य ही नरक में जाते हैं।'
पुनर्जन्म में — ब्राह्मण को कष्ट देने वाले अधम योनियों में जन्म लेते हैं।





