विस्तृत उत्तर
राम 108 नाम = श्रीराम अष्टोत्तरशतनामावली
विधि: स्नान → पूर्व/उत्तर मुख → तुलसी माला → प्रत्येक नाम 1 मनका:
*'ॐ श्रीरामाय नमः, ॐ रामभद्राय नमः, ॐ रामचंद्राय नमः, ॐ शाश्वताय नमः...'* = 108 नाम।
सरल: 108 नाम कठिन हो = 'ॐ श्रीरामाय नमः' 108 बार (1 माला) = समान पुण्य। या 'राम राम राम...' 108 = पर्याप्त।
कब: रामनवमी, चैत्र शुक्ल, मंगल/गुरुवार, प्रातः ब्राह्म मुहूर्त।
लाभ: सभी पापों का नाश, मोक्ष, शांति, सुख। तुलसीदास: *'राम नाम मणि दीप धरु, जीह देहरी द्वार'* — राम नाम = मणि दीपक।





