शिवरात्रि की रात जागरण का शास्त्रीय कारण क्या है?
का सरल उत्तर
सरल उत्तर
शिव पुराण: इसी रात ज्योतिर्लिंग प्रकट + शिव-पार्वती विवाह। चार प्रहर अभिषेक केवल रात्रि में संभव। शिव = निशाचर, रात्रि ऊर्जा सर्वाधिक। इन्द्रियां अंतर्मुख → साधना अनुकूल। शिकारी कथा: अनजाने जागरण से भी मोक्ष।
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शिव पर्व
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