उद्यापन और दान
?
21 मंगलवार का व्रत पूरा होने पर उद्यापन कैसे करते हैं?
PAURANIK.ORG
संक्षिप्त उत्तर
21 व्रत पूरे होने के बाद 22वें मंगलवार को पूजा और हवन किया जाता है। हवन में 'ॐ हं हनुमते नमः' मंत्र के साथ घी, काले तिल, जौ और गुड़ मिलाकर 108 आहुतियां दी जाती हैं।
'व्रतराज' और 'कर्मकांड' के अनुसार, 21 मंगलवार पूर्ण होने पर 22वें मंगलवार को विधिवत उद्यापन करना अनिवार्य है।
22वें मंगलवार को भी पूर्ववत पूजा करें और हनुमान जी को चोला, जनेऊ और फलों की माला अर्पित करें। उद्यापन का मुख्य अंग हवन है।
📖
सम्पूर्ण उत्तर पढ़ें
शास्त्रीय प्रमाण सहित विस्तृत उत्तर
पूरा उत्तर पढ़ें →
PAURANIK.ORG