द्रौपदी के पाँचों पुत्रों और उत्तरा के गर्भ पर हमले की सजा के रूप में अर्जुन ने मणि निकाली और कृष्ण ने श्राप दिया — उस घाव के साथ अनंत काल भटकना। मणि द्रौपदी के सुझाव पर ली गई।
अश्वत्थामा के माथे की मणि निकाले जाने की कथा न्याय, दंड और करुणा का अद्भुत संगम है।
पृष्ठभूमि — महाभारत युद्ध के अंत में अश्वत्थामा ने पिता की मृत्यु का बदला लेने के लिए रात को पांडव-शिविर में घुसकर द्रौपदी के पाँचों पुत्रों की हत्या कर दी।