पूजा स्थल में बैठकर सामान्य भोजन करना उचित नहीं — अशुद्धि और अनादर का भय। प्रसाद ग्रहण करना शुभ है। यदि मूर्ति सामने दिखती है तो भोजन के समय पर्दा बंद करें। भोजन से पहले भोग अवश्य लगाएं।
भगवान की मूर्ति के सामने भोजन करने के विषय में विभिन्न परंपराओं में भिन्न मत हैं। सामान्यतः वर्जित माना जाता है: 1।
पूजा स्थल में भोजन — पूजा घर में बैठकर भोजन करना अधिकांश परंपराओं में उचित नहीं माना जाता। पूजा स्थल केवल पूजा, ध्यान और भक्ति के लिए है।