विश्वास का संकट आना — यह कमजोरी नहीं, गहरे प्रश्नों की शुरुआत है। भगवान से सीधे झगड़ें, गिले करें। सत्य-प्रेम-सेवा न छोड़ें। दूसरों के अनुभव सुनें। समय दें — कई महान भक्त इस संकट से गुजरे और और गहरे ह
यह एक बहुत गहरा और बहुत कठिन क्षण है। जब भगवान पर से विश्वास उठने लगे — तब हम जीवन के सबसे गहरे प्रश्नों के सामने खड़े होते हैं।
इस पीड़ा को समझा जा सकता है। पहले यह जानें — कि विश्वास का उठना आपकी कमजोरी नहीं है।