चैत्र नवरात्रि का महत्व: (1) इसी दिन हिंदू नववर्ष (विक्रम संवत्) शुरू होता है, (2) ऋतु-परिवर्तन और नव-सृजन का काल, (3) ब्रह्मांडीय शक्तियों के जागरण का समय, (4) शक्ति-उपासना और कलश स्थापना का पावन अवस
चैत्र शुक्ल प्रतिपदा से आरंभ होने वाली वासंतिक या चैत्र नवरात्रि का विशेष और युगान्तकारी महत्व है, क्योंकि इसी पवित्र दिन से हिंदू नववर्ष (विक्रम संवत्) का भी शुभारंभ होता है।
यह कालखंड प्रकृति में ऋतु-परिवर्तन, नव-सृजन और ब्रह्मांडीय शक्तियों के जागरण का समय होता है।