चार धाम यात्रा का सही क्रम है — पहले यमुनोत्री, फिर गंगोत्री, उसके बाद केदारनाथ और अंत में बद्रीनाथ। यह पश्चिम से पूर्व की दिशा में होती है और इसी क्रम में यात्रा करना शास्त्रोक्त एवं पूर्ण फलदायी मान
उत्तराखंड के गढ़वाल हिमालय में स्थित छोटी चार धाम यात्रा — यमुनोत्री, गंगोत्री, केदारनाथ और बद्रीनाथ — का एक निश्चित पारंपरिक क्रम है जिसका पालन करना शास्त्रोक्त और शुभ माना जाता है।