माला उपयोग: दाहिने हाथ की मध्यमा-अनामिका से पकड़ें, तर्जनी न छुएं। अंगूठे से मनका घुमाएं। सुमेरु से शुरू — पलटें, न लांघें। गोमुखी में रखकर जप — शक्ति संरक्षित। जप बाद माला माथे से लगाएं। एक माला = 10
जप माला उपयोग की विधि मंत्र महोदधि और शिव पुराण में विस्तार से वर्णित है: माला पकड़ने की विधि: 1। हाथ: दाहिना हाथ 2।
अंगुलियाँ: मध्यमा (बीच की उंगली) और अनामिका (रिंग फिंगर) से माला पकड़ें 3।