ऋणमुक्ति के लिए बुधवार को 'ऋणहर्ता गणेश स्तोत्र' का पाठ करें और 'ॐ गणेश ऋणं छिन्दि वरेण्यं हुं नमः फट्' का 108 बार जप करें। मंगलवार को 'ऋणमोचक मंगल स्तोत्र' पढ़ें।
कर्ज के बोझ से मुक्ति के लिए हिंदू शास्त्रों में कई मंत्र और स्तोत्र वर्णित हैं।
इनमें सबसे प्रसिद्ध और प्रभावशाली दो हैं — पहला है 'ऋणहर्ता गणेश स्तोत्र'।