नहीं, प्रेतकल्प केवल मृत्यु से नहीं — जीवन से भी गहरा संबंध है। दान-धर्म, कर्म-नीति, पाप-पुण्य और आत्मज्ञान — ये सब जीवित के लिए उपदेश हैं। 'घर में न रखना' की धारणा भ्रामक है — गरुड़ पुराण का यही वचन
यह एक व्यापक भ्रांति है। गरुड़ पुराण का प्रेतकल्प केवल मृत्यु से नहीं, बल्कि जीवन और मृत्यु दोनों से संबंधित है।
मृत्यु से संबंधित — हाँ, प्रेतकल्प में मृत्यु के स्वरूप, आत्मा की यात्रा, यमलोक, नरक, प्रेत-योनि और श्राद्ध-कर्म का विस्तृत वर्णन है।