18 महापुराण: विष्णु, भागवत, नारद, गरुड़, पद्म, वराह (सात्विक); ब्रह्मांड, ब्रह्मवैवर्त, मार्कण्डेय, भविष्य, वामन, ब्रह्म (राजसिक); शिव, लिंग, स्कंद, अग्नि, मत्स्य, कूर्म (तामसिक)। कुल ~4 लाख श्लोक। स्कंद पुराण सबसे बड़ा (81,100 श्लोक)।
- 1विष्णु पुराण — 23,000 श्लोक — विष्णु माहात्म्य, सृष्टि, राजवंश
- 2भागवत पुराण — 18,000 श्लोक — कृष्ण लीला, भक्ति
- 3नारद पुराण — 25,000 श्लोक — भक्ति, व्रत-तीर्थ
- 4गरुड़ पुराण — 19,000 श्लोक — मृत्यु, प्रेतकल्प, अंत्येष्टि
- 5पद्म पुराण — 55,000 श्लोक — सृष्टि, तीर्थ, विष्णु माहात्म्य
- 6वराह पुराण — 24,000 श्लोक — वराह अवतार, व्रत-दान
- 7ब्रह्मांड पुराण — 12,000 श्लोक — ब्रह्मांड वर्णन, ललिता सहस्रनाम
- 8ब्रह्मवैवर्त पुराण — 18,000 श्लोक — कृष्ण-राधा, प्रकृति
- 9मार्कण्डेय पुराण — 9,000 श्लोक — दुर्गा सप्तशती (देवी माहात्म्य)
- 10भविष्य पुराण — 28,000 श्लोक — भविष्य की घटनाएं, व्रत
- 11वामन पुराण — 10,000 श्लोक — वामन अवतार
- 12ब्रह्म पुराण — 10,000 श्लोक — सृष्टि, तीर्थ, सूर्य
- 13शिव पुराण — 24,000 श्लोक — शिव माहात्म्य, लिंग पूजा
- 14लिंग पुराण — 11,000 श्लोक — लिंगोत्पत्ति, शिव 28 अवतार
- 15स्कंद पुराण — 81,100 श्लोक — सबसे बड़ा पुराण, तीर्थ माहात्म्य
- 16अग्नि पुराण — 15,400 श्लोक — विश्वकोश जैसा — धनुर्विद्या, व्याकरण, ज्योतिष
- 17मत्स्य पुराण — 14,000 श्लोक — मत्स्य अवतार, मंदिर निर्माण
- 18कूर्म पुराण — 17,000 श्लोक — कूर्म अवतार, लक्ष्मी