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चेकलिस्ट

मंदिर में भगवान को शयन कराने की परंपरा क्या है?

की चेकलिस्ट

रात्रि भोग → पान → शयन श्रृंगार → फूल शय्या → शयन आरती → द्वार बंद। प्रातः: सुप्रभातम् (दक्षिण)/मंगला आरती (उत्तर)। जगन्नाथ: 'बड़ा श्रृंगार भोग' रात 11। भगवान = 24 घंटे सेवा।

  1. 1रात्रि भोग: अंतिम भोग (शयन भोग) — दूध/मिठाई।
  2. 2पान: पान + इलायची + लौंग = भगवान को।
  3. 3शयन श्रृंगार: हल्के वस्त्र, चंदन, पुष्प शय्या।
  4. 4शय्या: विशेष पलंग/गद्दा/तकिया — ऋतु अनुसार (ग्रीष्म=फूल शय्या, शीत=रजाई)।
  5. 5आरती: शयन आरती — अंतिम दर्शन।
  6. 6द्वार बंद: गर्भगृह बंद — भगवान विश्राम।
  7. 7जागरण: प्रातः सुप्रभातम् (दक्षिण) / मंगला आरती (उत्तर) = जगाना।
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