मंदिर में चरणामृत पीने की सही विधि क्या है?
की चेकलिस्ट
दाहिने हाथ (कुप्पी मुद्रा), तुरंत पिएं, शेष शिर पर। बायां वर्जित। तुलसी+जल+चंदन+कपूर। शिर/बालों में फेरें। पंचामृत: दूध+दही+घी+शहद+शक्कर। तुलसी = antibacterial।
- 1दाहिने हाथ से ग्रहण (बायां = वर्जित)।
- 2हाथ = कुप्पी मुद्रा (अंगूठा+अंगुलियां = गड्ढा बनाएं)।
- 3खड़े होकर नहीं — बैठकर या झुककर (कुछ परंपरा)।
- 4तुरंत पिएं — नीचे न गिराएं।
- 5शेष = शिर पर लगाएं (आज्ञा चक्र/मस्तक)।
- 6हाथ बालों में फेरें = शुभ।
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