पारद के अष्ट संस्कार क्या हैं?
की चेकलिस्ट
पारद के अष्ट संस्कार पारद के नैसर्गिक दोष (विष, मल, चापल्य) दूर करके दिव्य गुण जाग्रत करते हैं — प्रमुख संस्कार: स्वेदन, मर्दन, मूर्छना, नियमन, दीपन, बंधन।
- 1स्वेदन — पारद के स्थूल मल और बाह्य अशुद्धियों को दूर करना
- 2मर्दन — पारद के कणों को सूक्ष्म करना
- 3मूर्छना — पारद के विष-दोष को समाप्त करना
- 4नियमन — पारद की चंचलता को नियंत्रित करना
- 5दीपन — पारद में अन्य धातुओं को 'ग्रास' करने की क्षमता जाग्रत करना
- 6बंधन — पारद को ठोस स्वरूप देना
सम्पूर्ण उत्तर
विस्तृत प्रश्न पृष्ठ देखें
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
श्रेणी
पारद शिवलिंग निर्माण
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।