पूजा घर में बासी फूल कब तक रख सकते हैं
की चेकलिस्ट
भगवान को चढ़ाए गए फूल (निर्माल्य) अगले दिन की पूजा से पहले हटा दें। बासी फूलों से पूजा निषेध है। हटाए गए फूल तुलसी/पीपल की जड़ में रखें या बहते जल में प्रवाहित करें। शिवलिंग पर बेलपत्र सूखने तक रख सकते हैं।
- 1सामान्य नियम — भगवान को चढ़ाए गए फूल अगले दिन की पूजा से पहले हटा देने चाहिए। बासी या मुरझाए फूलों से पूजा करना निषेध है।
- 2शिव पूजा में विशेष नियम — शिव पुराण के अनुसार शिवलिंग पर चढ़ा हुआ बेलपत्र तब तक नहीं हटाना चाहिए जब तक वह पूर्णतः सूख न जाए। सूखे बेलपत्र को पुनः चढ़ाना भी कुछ परंपराओं में स्वीकार्य माना गया है, परंतु यह मत विवादित है।
- 3विष्णु पूजा में — तुलसी दल यदि सूख भी जाए तो विष्णु भगवान के चरणों से स्वयं नहीं हटाना चाहिए; जब स्वतः गिर जाए तब हटाएं — ऐसी मान्यता पद्म पुराण में मिलती है।
- 4निर्माल्य का विसर्जन — हटाए गए फूलों को कूड़ेदान में नहीं फेंकना चाहिए। इन्हें तुलसी के पौधे या पीपल के वृक्ष की जड़ में रखें, अथवा बहते जल में प्रवाहित करें।
सम्पूर्ण उत्तर
विस्तृत प्रश्न पृष्ठ देखें
मूल प्रश्न का सम्पूर्ण शास्त्रीय उत्तर एक स्थान पर।
श्रेणी
पूजा विधि
इस श्रेणी के अन्य प्रश्नोत्तर।