रुद्राक्ष माला से जप करने के नियम क्या हैं?
की चेकलिस्ट
पंचमुखी सर्वसाधारण। गंगाजल+दूध शुद्धि + 108 'ॐ नमः शिवाय'। सोमवार धारण। अंगूठा+मध्यमा, गौमुखी। सुमेरु न लांघें। अशुद्ध अवस्था उतारें। सरसों तेल रखरखाव।
- 1मुख: पंचमुखी (5 मुखी) = सर्वसाधारण। एकमुखी = दुर्लभ/सर्वश्रेष्ठ।
- 2108 + 1 (सुमेरु) = 109 दाने।
- 3शुद्धि: नई माला = गंगाजल + कच्चे दूध + 'ॐ नमः शिवाय' 108 बार।
- 4धारण: सोमवार/शिवरात्रि पहली बार प्रयोग।
- 5जप: दाहिने हाथ, अंगूठा + मध्यमा। गौमुखी में।
- 6सुमेरु: लांघें नहीं — उल्टा मोड़ें।
- 7शुद्धता: अशुद्ध हाथों से न छुएं। शौचालय/मैथुन/अशुद्ध अवस्था में उतारें।
- 8रखरखाव: सरसों तेल में डुबोकर रखें (साप्ताहिक) — चमक बनी रहे।
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