तंत्र साधना करते समय भय लगने पर क्या करें?
की चेकलिस्ट
तत्काल: हनुमान चालीसा, 'ॐ नमः शिवाय', 'हूं फट्' 3 बार, गुरु स्मरण, तेज प्रकाश। दीर्घ: गुरु से पूछें, कवच पाठ, सरल साधना से आरंभ। अत्यधिक भय = तैयार नहीं/मानसिक स्वास्थ्य जांचें। गीता: ईश्वर शरणागति = भय मुक्ति।
- 1हनुमान चालीसा: 'भूत पिशाच निकट नहिं आवै' — तत्काल भय नाश।
- 2'ॐ नमः शिवाय' तीव्र स्वर में।
- 3'हूं फट्' — रक्षा बीज, 3 बार।
- 4गुरु स्मरण: गुरु का नाम/रूप ध्यान = तत्काल सुरक्षा।
- 5दीपक: तेज प्रकाश = भय कम।
- 6गुरु मार्गदर्शन: भय का कारण गुरु से पूछें — सही निदान।
- 7कवच पाठ: साधना से पूर्व देवी कवच/नारायण कवच।
- 8योग्यता: यदि भय अत्यधिक = आप उस साधना के लिए अभी तैयार नहीं। सरल साधना से आरंभ।
- 9मानसिक स्वास्थ्य: यदि भय लगातार/अत्यधिक = मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से मिलें — तंत्र भय ≠ हमेशा आध्यात्मिक, मानसिक भी हो सकता है।
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तंत्र शास्त्र
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