विस्तृत उत्तर
तांत्रिक साधना में भय = सामान्य, विशेषकर प्रारंभिक अवस्था में:
तत्काल उपाय
- 1हनुमान चालीसा: 'भूत पिशाच निकट नहिं आवै' — तत्काल भय नाश।
- 2'ॐ नमः शिवाय' तीव्र स्वर में।
- 3'हूं फट्' — रक्षा बीज, 3 बार।
- 4गुरु स्मरण: गुरु का नाम/रूप ध्यान = तत्काल सुरक्षा।
- 5दीपक: तेज प्रकाश = भय कम।
दीर्घकालिक
- 1गुरु मार्गदर्शन: भय का कारण गुरु से पूछें — सही निदान।
- 2कवच पाठ: साधना से पूर्व देवी कवच/नारायण कवच।
- 3योग्यता: यदि भय अत्यधिक = आप उस साधना के लिए अभी तैयार नहीं। सरल साधना से आरंभ।
- 4मानसिक स्वास्थ्य: यदि भय लगातार/अत्यधिक = मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से मिलें — तंत्र भय ≠ हमेशा आध्यात्मिक, मानसिक भी हो सकता है।
गीता (4.10): 'वीतरागभयक्रोधाः' — भय मुक्ति = ईश्वर शरणागति।

