ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
टैग

चरम श्लोक से जुड़े सभी प्रश्न(1)

चरम श्लोक पर शास्त्रीय व्याख्या, विधि, नियम, मंत्र और लाभ — सब एक ही स्थान पर। कुल 1 प्रश्न उपलब्ध हैं।

गीता ज्ञान

गीता श्लोक 18.66 — सर्वधर्मान्परित्यज्य — अर्थ क्या?

गीता 18.66 (चरम श्लोक): 'सब छोड़कर मेरी शरण आ, मैं तुझे सभी पापों से मुक्त करूँगा, शोक मत कर।' रामानुज: गीता का सर्वोच्च श्लोक — प्रपत्ति (शरणागति) का परम उपदेश। गीता का सबसे आश्वस्त करने वाला वचन।

#गीता 18.66#शरणागति#चरम श्लोक
सम्पूर्ण प्रश्नोत्तरी
सभी प्रश्न देखें

10,000+ शास्त्रीय प्रश्नोत्तर — श्रेणी, हब और टैग में सजे।

टैग खोज
अन्य टैग देखें

पूजा, मंत्र, साधना, उपाय, ज्योतिष — विषय अनुसार छाँटे गए सभी टैग।