शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
भैरव मंत्र
ॐ अहिर्बुध्न्याय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारनाम-मंत्र (Nama-Mantras)।
स्वरूपकुंडलिनी-पति
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो पाताल निवासी कुंडलिनी के स्वामी हैं 70।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
कुंडलिनी जागरण
विस्तृत लाभ
कुंडलिनी जागरण
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अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ कुलकामिन्यै नमः
शूलटङ्कपाशदण्डपाणिमादिकारणं श्यामकायमादिदेवमक्षरं निरामयम्।
ॐ अरोगकर्त्रे नमः
ॐ दिव्यसिंहाय नमः
ॐ शचीमाङ्गल्यरक्षकाय नमः
यं ब्रह्मा वरुणेन्द्ररुद्रमरुतः स्तुन्वन्ति दिव्यैः स्तवैः वेदैः साङ्गपदक्रमोपनिषदैः गायन्ति यं सामगाः । ध्यानावस्थिततद्गतेन मनसा पश्यन्ति यं योगिनो यस्यान्तं न विदुः सुरासुरगणा देवाय तस्मै नमः ॥