शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
हनुमान मंत्र
ॐ अनघाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारविशिष्ट सहस्रनाम-मंत्र (Specific Sahasranama Mantras)
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो हर प्रकार के पापों, दोषों और मलिनता से पूर्णतः रहित (निष्पाप) हैं।
जप काल
रुद्राक्ष माला से मंगलवार का उपवास रखते हुए अभीष्ट सिद्धि हेतु।
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