शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
हनुमान मंत्र
ॐ द्विषड्भुजाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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स्वरूप12 भुजा वाले
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
बारह भुजाओं वाले भगवान को नमस्कार।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
बहुआयामी कार्यक्षमता व शक्ति
विस्तृत लाभ
बहुआयामी कार्यक्षमता व शक्ति।
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अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
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ॐ कर्पूरमालाभरणायै नमः
ॐ कुञ्जाधिराजमहिष्यै नमः
व्रीहयश्च मे यवाश्च मे माषाश्च मे तिलाश्च मे...
ॐ नमस्ते गणपतये ॥ त्वमेव प्रत्यक्षं तत्त्वमसि ॥ त्वमेव केवलं कर्ताऽसि ॥ त्वमेव केवलं धर्ताऽसि ॥ त्वमेव केवलं हर्ताऽसि ॥ त्वमेव सर्वं खल्विदं ब्रह्मासि ॥ त्वं साक्षादात्माऽसि नित्यम् ॥
नमो भगवते फट् भैरवाय... आकर्षय-2 आवेशय-2 मोहय-2 भ्रामय-2... ह्रां ह्रीं त्रिपुरतांडवाय अष्टभैरवाय भाषय-2 स्वाहा।