शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
भद्रकाली रक्षा मंत्र
ॐ क्रीं ह्रुं ह्रीं दक्षिणे कालिके क्रीं ह्रुं ह्रीं स्वाहा॥
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारउग्र तांत्रिक मंत्र |
स्वरूपदक्षिण काली
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
सर्वनाशक अघोर शक्तियों पर नियंत्रण
विस्तृत लाभ
सर्वनाशक अघोर शक्तियों पर नियंत्रण 47।
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