शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
कार्तिकेय मंत्र
ॐ शत्रुदर्पघ्नाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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प्रकारनाम-मंत्र
स्वरूपगर्व-नाशक
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो बड़े-बड़े अंहकारी क्षत्रिय राजाओं का गर्व चूर कर देते हैं।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
अहंकार नाश
विस्तृत लाभ
अहंकार नाश
जप काल
विवाद के समय
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