शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
माँ लक्ष्मी मंत्र
ॐ ब्राह्मणप्रियाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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स्वरूपज्ञान-प्रिय
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
ज्ञानी और सात्विक जनों को प्रिय देव को नमस्कार।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
समाज के प्रबुद्ध वर्ग से सम्मान की प्राप्ति
विस्तृत लाभ
समाज के प्रबुद्ध वर्ग से सम्मान की प्राप्ति।
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ॐ महाभद्राय नमः
पूरो मंत्र ईश्वरों वाचा ओम हनुमत वेदर वेग वेग आओ अमुक बंधी को बंधन से छुड़ाओ भेड़ी तोड़ो ताला तोड़ो बंधन धन तोड़ो मोडा अमुक बंधी को बंधन से छुड़ाओ मेरी भक्ति गुरु की शक्ति। पूरो मंत्र ईश्वरों वाचा।
ॐ वृन्दावनान्तसञ्चारिणे नमः
ॐ भावाय नमः
आदित्यवर्णे तपसोऽधिजातो वनस्पतिस्तव वृक्षोऽथ बिल्वः। तस्य फलानि तपसानुदन्तु मायान्तरायाश्च बाह्या अलक्ष्मीः॥
ॐ पूर्वभाषिणे नमः