शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
परशुराम मंत्र
ॐ यज्ञमयाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
जप काउंटर लोड हो रहा है...
प्रकारनाम-मंत्र (Nama-Mantras)।
स्वरूपयज्ञ-पुरुष
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो समस्त यज्ञों के स्वरूप हैं 70।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
समस्त कर्मों की सिद्धि
विस्तृत लाभ
समस्त कर्मों की सिद्धि
इसे भी पढ़ें
अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
अनङ्गरङ्गमङ्गलप्रसङ्गभङ्गुरभ्रुवां सविभ्रमससम्भ्रमदृगन्तबाणपातनैः। निरन्तरं वशीकृतप्रतीतनन्दनन्दने कदा करिष्यसीह मां कृपाकटाक्षभाजनम्॥
ॐ खरध्वंसिने नमः
ॐ स्यमन्तकमणेर्हर्त्रे नमः
मार्गणाशोषिताभ्ध्यंशं पावनं चिरजीवनम्। य एतानि जपेन्द्रामनामानि स कृती भवेत्॥
ॐ योगिध्यानपरायणायै नमः
ज्ञानिनामपि चेतांसि देवी भगवती हि सा। बलादाकृष्य मोहाय महामाया प्रयच्छति॥