शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
माँ सरस्वती मंत्र
ॐ महाचन्द्राय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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स्वरूपशीतलता प्रदाता
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
महान चन्द्रमा के समान शीतलता देने वाले को नमस्कार।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
01
क्रोध शान्ति हेतु
विस्तृत लाभ
क्रोध शान्ति हेतु
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अन्य देवताओं के मंत्र
प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र
ॐ ह्रीं बटुकाय मम अकाल मृत्यु निवारय निवारय बटुकाय ह्रीं ॐ स्वाहा।
दोर्भिर्युक्ता चतुर्भिः स्फटिकमणिनिभैरक्षमालान्दधाना। हस्तेनैकेन पद्मं सितमपि च शुकं पुस्तकं चापरेण॥ भासा कुन्देन्दुशङ्खस्फटिकमणिनिभा भासमानाऽसमाना। सा मे वाग्देवतेयं निवसतु वदने सर्वदा सुप्रसन्ना॥
ॐ पुरुषाय नमः
जिन्होंने संपूर्ण पृथ्वी को जीतकर अश्वमेध यज्ञ में महर्षि कश्यप को दान कर दिया, उन पृथ्वी-पति को नमस्कार। (लाभ: संपत्ति एवं राज्याधिकार की प्राप्ति) 19।
ॐ नारायणसमाश्रितायै नमः
ॐ नमो नारसिंहाय