शास्त्रीय पौराणिक मंत्र
माँ सरस्वती मंत्र
ॐ पुरुषोत्तमाय नमः
साधना मंडल
जप, संकल्प और उपासना संकेत
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स्वरूपपरम पुरुष
अर्थ एवं भावार्थ
इस मंत्र का अर्थ
जो सभी पुरुषों (जीवों) में उत्तम हैं, उन्हें नमस्कार है।
लाभ एक दृष्टि में
इस मंत्र से क्या होगा?
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साधक के चरित्र में सत्य, न्याय और मर्यादा जैसे उत्तम गुणों का विकास
विस्तृत लाभ
साधक के चरित्र में सत्य, न्याय और मर्यादा जैसे उत्तम गुणों का विकास।
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ॐ दुर्गापद्विनिवारिण्यै नमः
ॐ स्वधायै नमः
मदोन्मदातियौवने प्रमोदमानमण्डिते प्रियानुरागरञ्जिते कलाविलासपण्डिते। अनन्यधन्यकुञ्जराज्यकामकेलिकोविदे कदा करिष्यसीह मां कृपाकटाक्षभाजनम्॥
ॐ सर्वशास्त्रवासिन्यै स्वाहैशान्यां सदाऽवतु। (अर्थ: सभी शास्त्रों में बसने वाली देवी ईशान कोण में रक्षा करें) 8
ॐ मायाधराय नमः
ॐ कदलीरूपायै नमः