ॐ नमः शिवाय  |  जय श्री राम  |  हरे कृष्ण
शास्त्रीय पौराणिक मंत्र

विष्णु मंत्र

ॐ दुर्निरीक्ष्याय नमः

साधना मंडल

जप, संकल्प और उपासना संकेत

जप काउंटर लोड हो रहा है...

स्वरूपउग्र / तेज स्वरूप
अर्थ एवं भावार्थ

इस मंत्र का अर्थ

जिनके प्रचंड तेज के कारण उनकी ओर देखना कठिन है, उन्हें नमस्कार है।

लाभ एक दृष्टि में

इस मंत्र से क्या होगा?

01

शत्रु दृष्टि का स्तम्भन

02

विरोधी साधक की ओर आँख उठाकर देखने का साहस नहीं कर पाते

विस्तृत लाभ

शत्रु दृष्टि का स्तम्भन; विरोधी साधक की ओर आँख उठाकर देखने का साहस नहीं कर पाते।

इसे भी पढ़ें

अन्य देवताओं के मंत्र

प्रत्येक देवता का एक चुनिंदा मंत्र