चन्द्रशेखराष्टकम् में त्रिपुरांतक का क्या अर्थ है?
का सरल उत्तर
सरल उत्तर
त्रिपुरांतक का अर्थ है तीनों पुरों (त्रिपुरासुर) को जलाने वाले — यह मन की अस्थिरता के मूल (अहंकार, कर्म, माया) के नाश का प्रतीक है।
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